नेशनल अवॉर्ड विनर विक्रांत मैसी के लिए 'मुसाफिर कैफे' सिर्फ एक शो नहीं, बल्कि एक इमोशन बन गया है। शो की शानदार सफलता के बाद अब वह इसकी कहानी को स्क्रीन से निकालकर असल जिंदगी में उतारने जा रहे हैं। खबर है कि विक्रांत जल्द ही हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में 'मुसाफिर कैफे' के नाम से दो नए कैफे खोलने जा रहे हैं।
सूत्रों के मुताबिक, विक्रांत इस प्रोजेक्ट से सिर्फ बतौर एक्टर नहीं, बल्कि अपने प्रोडक्शन हाउस 'होममेड स्टोरीज़' के जरिए बतौर प्रोड्यूसर भी जुड़े हैं। दोनों ही जगहों पर कैफे के निर्माण का काम शुरू हो चुका है। मेकर्स की कोशिश है कि कैफे का पूरा डिजाइन, लकड़ी का इंटीरियर और पहाड़ों वाला सुकून बिल्कुल शो में दिखाए गए कैफे जैसा ही हो, ताकि फैंस को वही सिनेमाई एहसास मिल सके।
इस प्रोजेक्ट की सबसे खास बात इसका आर्टिस्ट रेजिडेंसी कॉन्सेप्ट है। जानकारी के अनुसार, दोनों कैफे में लगभग 20-20 कमरे बनाए जा रहे हैं, जहां देश-विदेश से आने वाले राइटर्स, म्यूजिशियंस, पेंटर्स और फिल्ममेकर्स रहकर काम कर सकेंगे। यह सिर्फ एक कैफे नहीं, बल्कि क्रिएटिव लोगों के लिए एक कम्युनिटी स्पेस होगा।
सीरीज में विक्रांत ने चंदर की भूमिका निभाई है, एक ऐसा शख्स जो शहर की भागदौड़ छोड़ पहाड़ों में अपना कैफे बसाता है और वहीं अपनी जिंदगी को नया अर्थ देता है। शो में कैफे ही चंदर के सफर का केंद्र है। अब इसी कहानी को असल दुनिया में दोहराया जा रहा है।
फिलहाल दोनों कैफे पर काम तेजी से जारी है और जल्द ही इसकी ऑफिशियल ओपनिंग डेट सामने आएगी। माना जा रहा है कि यह पहल सिर्फ दो पहाड़ी राज्यों में हॉस्पिटैलिटी और टूरिज्म को बढ़ावा नहीं देगी, बल्कि लोकल आर्ट और क्रिएटिव इकोनॉमी को भी एक नया मंच देगी।