सीनियर अभिनेत्री और सामाजिक कार्यकर्ता शबाना आजमी सोमवार को कॉकरोच जनता पार्टी के 'चलो संसद' आंदोलन में शामिल हुईं। 75 वर्षीय शबाना ट्रक में बैठकर जंतर-मंतर की ओर जाती दिखीं और रास्ते के दौरान प्रदर्शनकारियों से माहौल के बारे में बातचीत करती हुईं। उन्होंने सोशल मीडिया पर कई वीडियो और फोटोज साझा किए, जिनमें उनके दृढ़ संकल्प और शांतिपूर्ण भागीदारी की झलक मिली। मिली जानकारी के अनुसार शबाना केरल भवन के पास धरने में बैठीं, जहां सुरक्षा बलों ने दोनों ओर से इलाका घेर रखा था। वहां रैपिड एक्शन फोर्स मौजूद थी और आंसू गैस के गोले भी लाए जाने की सूचनाएँ हैं। प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने भीड़ को नियंत्रित करने के लिए कदम उठाए और जंतर-मंतर खाली कराया गया; कुछ प्रदर्शनकारी हिरासत में भी लिए गए। कॉकरोच जनता पार्टी का नेतृत्व करने वाले अभिजीत दीपके उस समय मौके पर मौजूद नहीं बताए गए। कॉकरोच जनता पार्टी 6 जून से जंतर-मंतर पर विरोध कर रहा है और आन्दोलन की मुख्य मांग केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की है, जिसे नीट-यू जी में कथित पेपर लीक व गड़बड़ियों से जोड़ा जा रहा है। इस बीच पीटीआई से बात करते हुए शबाना आजमी ने कहा कि उनका दल शांतिपूर्ण विरोध कर रहा है और यह लोकतांत्रिक अधिकार है जिसे संविधान प्रदान करता है। उन्होंने महात्मा गांधी के अहिंसात्मक मार्ग का संदर्भ देते हुए कहा कि उनका उद्देश्य किसी तरह की हिंसा नहीं है। प्रदर्शन के दौरान शबाना की तबियत बिगड़ने की खबरें भी सामने आईं, पर अधिकारियों ने इसकी पुष्टि नहीं की है।
